बाढ़ : बीएनएम कॉलेज, बड़हिया के पूर्व प्राचार्य शिक्षाविद् प्रो० भागीरथ प्रसाद सिंह नहीं रहे। पिछले 6 सितंबर से बीमार चल रहे प्रो० भागीरथ प्रसाद सिंह ने सोमवार की देर रात को 11 बजे अपने पैतृक आवास पर अंतिम सांस ली।
पंडारक निवासी 93 वर्षीय पूर्व प्राचार्य स्व० सिंह का जन्म 27 दिसंबर 1927 को हुआ था और वे पटना विश्वविद्यालय से एमए (राजनीति शास्त्र) की शिक्षा प्राप्त करने के बाद वे बीएनएम कॉलेज, बड़हिया में राजनीति शास्त्र के प्राध्यापक और फिर प्राचार्य रहे। इसके अतिरिक्त भागलपुर विश्वविद्यालय के यूनिवर्सिटी प्रोफेसर के रुप में वे देवघर कॉलेज, देवघर (झारखंड) में भी पदस्थापित रहे थे।
इन अकादमिक पदों पर लगभग 34 वर्षों की अपनी लंबी सेवा अवधि समाप्त होने के बाद वे 31 दिसंबर 1991 को सेवानिवृत्त हुये थे। सेवानिवृत्ति के उपरांत वे अपना अधिकांश समय अपने गाँव पर ही बिता रहे थे तथा विभिन्न सामाजिक और शैक्षणिक गतिविधियों में जुड़े रहने से क्षेत्र में लोकप्रिय थे। अपनी धर्मपत्नी, तीन पुत्र एवं दो पुत्रियों सहित वह अपने पीछे एक भरा पूरा और खुशहाल परिवार छोड़ गये हैं।
पूर्व प्राचार्य प्रो०सिंह के निधन पर भारत सरकार के माननीय मंत्री गिरिराज सिंह,बिहार सरकार के मंत्री नीरज कुमार,पूर्व मंत्री रामजतन सिन्हा,विधायक विधायक ज्ञानेंद्र कुमार सिंह ज्ञानू,राजद जिलाध्यक्ष महेश प्रसाद सिंह, मगध महिला कॉलेज की प्राचार्या डॉ०शशि शर्मा, सिविल कोर्ट बाढ़ के अपर लोक अभियोजक अर्जुन शर्मा, बड़हिया कॉलेज में उनके सहयोगी रहे प्रो० मुचुकुन्द शर्मा, साहित्यसेवी शिक्षक अमित कुमार, पत्रकार सत्य शरण शर्मा, पटना हाई कोर्ट के वरीय अधिवक्ता अरुण कुमार अरुण, पूर्वी पंडारक पंचायत की मुखिया शांति देवी तथा पश्चिमी पंडारक पंचायत की मुखिया रुबी देवी ने गहरा शोक व्यक्त किया है।
बाढ़ से सत्यनारायण चतुर्वेदी की रिपोर्ट