जगलाल चौधरी महाविद्यालय के निलंबित प्राचार्य द्वारा विवि प्रशासन पर किए गए मुकदमे को शिक्षक संघ ने तथ्यहीन एवं बेबुनियाद बताया
सारण : जगलाल चौधरी महाविद्यालय छपरा की बैठक डॉक्टर पवन कुमार प्रभाकर की अध्यक्षता में हुई, जिसमें जगलाल चौधरी महाविद्यालय के निलंबित पूर्व प्राचार्य के द्वारा जयप्रकाश विश्वविद्यालय छपरा के कुलपति, कुलसचिव एवं वित्त परामर्शी के विरुद्ध किए गए मुकदमे की घोर निंदा की गई और इसे निराधार, तथ्यहीन एवं बेबुनियाद बताया गया।
बैठक में शामिल सभी सभी शिक्षकों ने कहा कि निलंबित पूर्व प्राचार्य के द्वारा इस महाविद्यालय में कार्यरत शिक्षकों, कर्मचारियों, छात्रों एवम अभिभावकों के साथ दिन प्रतिदिन गाली गलौज करना, मारपीट करना, एससी / एसटी एक्ट के तहत मुकदमा करने की धमकी देना, जातिसूचक शब्द के माध्यम से मानसिक रूप से प्रताड़ित करना रिश्वत लेना, महिला शिक्षकों के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग करना, अतिथि शिक्षकों का कार्य करने के बावजूद भी वेतन भुगतान नहीं करना तथा भुगतान हेतु अवैध राशि की वसूली करना उनकी दिनचर्या में शामिल था।
इस बैठक में पूर्व प्राचार्य के निलंबन को सही ठहराया गया और इसके लिए विश्वविद्यालय प्रशासन के प्रति आभार प्रकट किया गया। विश्वविद्यालय के इस बेहतर कदम से इस महाविद्यालय के शैक्षणिक वातावरण में गुणात्मक एवं परिणात्मक अभिवृद्धि की उम्मीद जगी है।
बैठक में प्रभारी प्राचार्य डॉक्टर वसुंधरा पाण्डेय, डॉ० शिवकुमार प्रसाद, डॉ० रविंद्र कुमार वर्मा, डॉ० अरविंद कुमार, डॉ० अवधेश कुमार, अनिल कुमार, डॉ० पुष्प लता हंसडक, संदीप कुमार यादव, डॉक्टर पवन कुमार प्रभाकर, डॉक्टर मोहम्मद जियाउल होदा अंसारी आदि शामिल थे।